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Wednesday, February 3, 2010

भारत में गुजरात की बात ही कुछ न्यारी है



पत्थर
में पारस की,

पंछी में सारस की

और तिथियों में ग्यारस की बात ही कुछ न्यारी है


दुनिया में एशिया की,

एशिया में भारत की

और भारत में गुजरात की बात ही कुछ न्यारी है





Monday, February 1, 2010

स्वर्णिम गुजरात को समर्पित सूरत के हास्य कवि अलबेला खत्री का अनूठा सृजन हमारा गुजरात कार्यक्रम

स्वर्णिम गुजरात वर्ष के सुनहरे अवसर पर विशेष भेन्ट




स्वर्णिम गुजरात वर्ष के सुनहरे अवसर पर

प्रदेश - देश - विदेश के समस्त गुजराती भाई-बहिनों को

हास्य कवि अलबेला खत्री की अनुपम भेन्ट




Sunday, January 31, 2010

स्वर्ग सा सुरम्य है हमारा गुजरात




भक्ति भावना से उजियारा गुजरात

साहित्य सुधा की रसधारा गुजरात


कला संस्कृति का रखवारा गुजरात

शौर्य और वीरता का नारा गुजरात


सौन्दर्य का शीतल फ़ौव्वारा गुजरात

वसुधा की शान का सितारा गुजरात


दुनिया में सबसे है न्यारा गुजरात

स्वर्ग सा सुरम्य है हमारा गुजरात


हमारा गुजरात हमारा गुजरात हमारा गुजरात हमारा गुजरात


- अलबेला खत्री